राजधानी दिल्ली में विपक्षी गठबंधन (INDIA ब्लॉक) के सांसदों और नेताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ व्यापक विरोध प्रदर्शन किया। विपक्ष ने चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की और निर्वाचन सदन की ओर कूच करने का प्रयास किया।
प्रदर्शन के दौरान संसद भवन के पास भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर विपक्षी नेताओं को चुनाव आयोग के कार्यालय जाने से रोक दिया, जिसके बाद नेताओं और सुरक्षाकर्मियों के बीच तीखी नोकझोंक और धक्का-मुक्की देखने को मिली। बाद में पुलिस ने प्रदर्शनकारी नेताओं को हिरासत में लेकर बसों में बैठा दिया।
राहुल गांधी ने उठाए लोकतंत्र और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल
प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी ने पुलिस द्वारा रोके जाने पर कड़ा विरोध दर्ज कराया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के 300 सांसद चुनाव आयोग से मिलकर अपनी बात रखना चाहते हैं, लेकिन उन्हें मात्र 50 गज की दूरी पर रोक दिया गया है।
- राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग का काम निष्पक्ष चुनाव कराना है, लेकिन मुख्य चुनाव आयुक्त मिलने से डर रहे हैं।
- उन्होंने कहा कि अगर जनता के चुने हुए प्रतिनिधियों को ही चुनाव आयोग से मिलने की इजाजत नहीं दी जाएगी, तो फिर लोकतंत्र का क्या मतलब रह जाएगा।
- राहुल गांधी ने प्रदर्शन के दौरान बैरिकेड पर चढ़कर तिरंगा लहराया और सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराया।
खरगे और अन्य नेताओं का सरकार पर तीखा हमला
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यह लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई है और विपक्ष अंत तक लड़ता रहेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि निष्पक्ष संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए विपक्ष पीछे नहीं हटने वाला है।
सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने हिरासत में लिए जाने के बाद कहा कि देश में करोड़ों लोगों के वोटों के साथ खिलवाड़ किया गया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष की आवाज दबाई नहीं जा सकती और जब तक निष्पक्षता सुनिश्चित नहीं होती, तब तक यह संघर्ष जारी रहेगा।
पप्पू यादव ने लगाए गंभीर आरोप, सुप्रीम कोर्ट के रुख का दिया हवाला
प्रदर्शन में शामिल सांसद पप्पू यादव ने मीडिया से बात करते हुए सरकार और चुनाव आयोग पर तीखे प्रहार किए। उन्होंने दावा किया कि चुनाव प्रक्रिया में भारी गड़बड़ियां की जा रही हैं और गरीब जनता के वोटिंग अधिकारों पर डाका डाला जा रहा है।
- पप्पू यादव ने आरोप लगाया कि 33 लाख वोटों में गड़बड़ी के मामलों को लेकर अदालत में याचिकाएं दाखिल की गई हैं और सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल में विसंगतियां हैं।
- उन्होंने कहा कि केंद्रीय जांच एजेंसियों और अन्य संस्थाओं पर सत्तापक्ष का प्रभाव है।
- यादव ने मांग की कि जब तक चुनाव आयोग में जवाबदेही और निष्पक्षता तय नहीं होती, तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
नेताओं को बसों में भरकर ले गई पुलिस
सड़क पर धरने पर बैठीं प्रियंका गांधी, रागिनी नायक समेत महिला नेताओं और अन्य विपक्षी सांसदों को दिल्ली पुलिस ने घेरकर बसों में बैठाया। प्रदर्शनकारियों ने 'वोट चोर गद्दी छोड़' और 'ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो' जैसे नारों की तख्तियां लेकर जमकर नारेबाजी की। इस दौरान अखिलेश यादव और अभिषेक बनर्जी समेत इंडिया गठबंधन के कई शीर्ष नेताओं को भी पुलिस ने हिरासत में लिया।


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